बेलेश्वर अस्पताल के मुख्य गेट पर गंदगी का अंबार, नगर पंचायत की कार्यशैली पर उठे गंभीर सवाल।
चमियाला (टिहरी गढ़वाल):- एक तरफ सरकार ‘कायाकल्प’ योजना के तहत अस्पतालों को चमकाने का दावा कर रही है, वहीं दूसरी ओर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बेलेश्वर अस्पताल की जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। अस्पताल के मुख्य प्रवेश द्वार पर लगा कूड़े का ढेर नगर पंचायत चमियाला की घोर लापरवाही का जीवंत प्रमाण बन गया है।
आये दिन अस्पताल के प्रवेश द्वार पर पसरी इस बदहाली ने न केवल नगर पंचायत के स्वच्छता के दावों की पोल खोल रही है, बल्कि मरीजों और तीमारदारों के लिए भी भारी मुसीबत खड़ी कर रही है।
स्थानीय निवासियों और अस्पताल आने-जाने वाले तीमारदारों का कहना है कि अस्पताल, जहाँ स्वच्छता सर्वोपरि होनी चाहिए, उसके ठीक बाहर कूड़े की दुर्गंध से संक्रमण फैलने का खतरा बना हुआ है। कई बार शिकायत करने के बावजूद नगर पंचायत चमियाला प्रशासन की नींद नहीं टूटी है।
क्षेत्र के जागरूक नागरिकों का कहना है कि आये दिन अस्पताल गेट के सामने से कूड़े का ढेर लगा रहता है जिससे अस्पताल आने जाने वाले लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि वहां नियमित रूप से चूना-छिड़काव और सैनिटाइजेशन किया जाए।
कूड़ा निस्तारण के लिए वहां एक स्थायी डस्टबिन और नियमित निगरानी की व्यवस्था की जाए।
क्षेत्रवासियों ने स्पष्ट किया है कि यदि नगर पंचायत ने शीघ्र ही सफाई व्यवस्था दुरुस्त नहीं की, तो वे प्रशासन के खिलाफ धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। अस्पताल जैसे संवेदनशील स्थान की अनदेखी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस संबंध में हमारे द्वारा नगर पंचायत चमियाला के अधिशासी अधिकारी से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनसे संपर्क नही हो पाया।
